आध्यात्मिक विचार - 22-01-2015

स्वयं को मचिस की तीली न बनाना, जो जरा सी रगड़ से सुलग जाये।
बनाना है तो स्वयं को शान्त सरोवर बनाना, जिसमें कोई अंगारा भी फैंके तो वह खुद ही बुझ जाये॥

आध्यात्मिक विचार - 20-12-2014


सच्चे मन से की जाने वाली आत्म-ग्लानि उस अग्नि के समान होती है जिसमें बड़े से बड़े पाप भी जलकर भस्म हो जाते हैं।